ताज़ा खबरें

Copyright © 2025 swatantraawaj.com . All Right Reserved.

बीएलए नियुक्ति में लापरवाही: 18 जिलों में एक भी एजेंट नहीं, सीईओ ने दलों को लगाई फटकार

रांची: मतदाता सूची में किसी भी तरह की त्रुटि या विसंगति सामने आने पर राजनीतिक दल अक्सर निर्वाचन आयोग पर सवाल उठाते हैं। मगर जब सुधार प्रक्रिया में सहयोग की बारी आती है, तो वही दल जिम्मेदारी से पीछे हट जाते हैं।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (सीईओ) के. रवि कुमार ने राज्य में बूथ लेवल एजेंट (बीएलए) की नियुक्ति को लेकर राजनीतिक दलों की उदासीनता पर गंभीर नाराज़गी जताई है।

मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए प्रत्येक राजनीतिक दल को हर मतदान केंद्र पर बीएलए नियुक्त करना जरूरी है। लेकिन झारखंड के 24 जिलों में से केवल 6 जिलों में ही कुछ दलों ने आंशिक रूप से बीएलए नियुक्त किए हैं, जबकि 18 जिलों में एक भी एजेंट की नियुक्ति नहीं हुई है।

आजसू, बसपा, आम आदमी पार्टी और सीपीआई-एम ने अब तक आयोग को एक भी बीएलए की सूची नहीं सौंपी है।

सीईओ ने सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को पत्र जारी कर कहा है कि नियुक्ति प्रक्रिया बेहद धीमी चल रही है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भारत निर्वाचन आयोग की मंशा मतदाता सूची की पारदर्शिता और विश्वसनीयता को बढ़ाने की है, जिसके लिए राजनीतिक दलों की सक्रिय भागीदारी अनिवार्य है।

उन्होंने दोहराया कि पूर्व में भी विभागीय पत्रों और बैठकों के माध्यम से बीएलए नियुक्त करने का अनुरोध किया गया था, लेकिन अधिकांश दलों की तरफ से अब तक संतोषजनक पहल नहीं हुई है।

सीईओ ने कहा कि आगामी पुनरीक्षण कार्यक्रम को देखते हुए सभी दल तत्काल प्रभाव से प्रत्येक मतदान केंद्र के लिए बीएलए नियुक्त कर संबंधित निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी या जिला निर्वाचन पदाधिकारी के कार्यालय में इसकी सूचना उपलब्ध कराएं।

बीएलए नियुक्ति की वर्तमान स्थिति (14 अक्टूबर 2025 तक)

कुल नियुक्त बीएलए: 2,403

भाजपा: 1,560

राजद: 435

झामुमो: 332

कांग्रेस: 76

आजसू, बसपा, आप, सीपीआई-एम: एक भी बीएलए नियुक्त नहीं

Tags :

मुख्य समाचार

लोकप्रिय ख़बरें

स्वतंत्र आवाज़ — आपकी आवाज़, आपके मुद्दे। देश, राज्य और स्थानीय स्तर की निष्पक्ष और विश्वसनीय खबरें, अब आपकी भाषा में।

ताज़ा खबरें

लोकप्रिय समाचार

Copyright © 2025 Swatantrawaj.com  All Right Reserved.