संजीत यादव
रांची :माओवादी संगठन ने साफ कर दिया है कि वह केंद्र सरकार के साथ किसी भी तरह की शांति वार्ता में शामिल नहीं होगा। संगठन के केंद्रीय प्रवक्ता अभय ने प्रेस बयान जारी कर कहा है कि माओवादी हथियार नहीं डालेंगे और क्रांतिकारी आंदोलन को आगे बढ़ाते रहेंगे। अभय ने स्पष्ट किया कि पोलित ब्यूरो सदस्य सोनू के नाम से जारी वायरल प्रेस नोट से संगठन का कोई संबंध नहीं है। उस पत्र में शांति वार्ता के लिए तैयार रहने की बात कही गई थी, लेकिन माओवादियों ने इसे सोनू का निजी निर्णय बताया और कहा कि केंद्रीय समिति इसका समर्थन नहीं करती। प्रवक्ता ने आरोप लगाया कि इससे पहले भी सरकार ने वरिष्ठ माओवादी नेता बसवराजू के प्रयासों को गलत तरीके से प्रस्तुत किया था। उनका कहना है कि शांति वार्ता के बहाने सरकार संगठन में फूट डालने की कोशिश कर रही है।अभय ने दोहराया कि सशस्त्र संघर्ष छोड़ना संगठन को “संशोधनवादी पार्टी” में बदलने जैसा होगा, जिसे माओवादी कभी स्वीकार नहीं करेंगे। उन्होंने साफ किया कि न तो हथियार डाले जाएंगे और न ही किसी शांति वार्ता का हिस्सा बनेंगे।


