पलामू/रांची। राज्य के हजारीबाग और बोकारो में ट्रेजरी से अवैध निकासी के मामलों के खुलासे के बाद अब पलामू जिले में भी गड़बड़ी के संकेत मिलने से प्रशासनिक महकमे में हड़कंप मच गया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए विभागीय स्तर पर जांच तेज कर दी गई है और संबंधित अधिकारियों से जवाब-तलब शुरू हो गया है।
विभागीय सचिव ने पलामू के उपायुक्त को पत्र लिखकर कुछ राशियों के संदिग्ध और गलत भुगतान की ओर ध्यान आकर्षित किया है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि कुछ भुगतान वित्तीय नियमों के विपरीत किए गए हैं, जिससे अवैध निकासी की आशंका और गहरा गई है।
इधर, वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने मामले पर कड़ा रुख अपनाते हुए राज्य के सभी 33 कोषागारों की व्यापक जांच के आदेश दिए हैं। इसके तहत 24 जिलों के ट्रेजरी की विस्तृत पड़ताल की जाएगी। साथ ही, डीडीओ (DDO) के कार्यों की भी समीक्षा की जाएगी, क्योंकि इस तरह की निकासी में उनकी भूमिका अहम मानी जा रही है।
मंत्री ने स्पष्ट कहा कि बोकारो और हजारीबाग में जिन राशियों की निकासी हुई है, वे पुलिस विभाग से संबंधित हैं, जिससे पूरे मामले की गंभीरता और बढ़ जाती है। उन्होंने आशंका जताई कि यह कोई साधारण अनियमितता नहीं, बल्कि एक सुनियोजित साजिश का हिस्सा हो सकता है।
जांच के दायरे में कई अधिकारी, कार्रवाई तय
सूत्रों के अनुसार, जांच के दायरे में कई अधिकारियों और कर्मचारियों के आने की संभावना है। अगर अनियमितताओं की पुष्टि होती है, तो संबंधित लोगों पर सख्त कार्रवाई तय मानी जा रही है। फिलहाल पूरे मामले पर राज्य सरकार की नजर बनी हुई है और जल्द ही बड़े खुलासे की संभावना जताई जा रही है।
